वंदना बाजपेयी
जाड़े की धूप महिलाएं और विटामिन डी
जाड़ों की नर्म धूप और आँगन में लेट कर आँखों पे खींचकर तेरे आँचल के साए को औंधे पड़े रहे …
जनरेशन गैप -वृद्ध होते बच्चों पर तानाकशी से बचे माता -पिता
अभी हाल में एक फिल्म आई थी “१०२ नॉट आउट ” | जिसमें एक बुजुर्ग पुत्र व् उसके बुजुर्ग पिता …
किसी विवाह समारोह में
आप भी अवश्य किसी विवाह समारोह में गए होंगे …. रिश्तों के टूटे तारों को समेटा होगा , जी भर …
कुम्हार और बदलते व्यापार का समीकरण
दीपावली की बात करते ही मेरे जेहन में बचपन की दीवाली आ जाती है | वो माँ के हाथ के …
मंगतलाल की दिवाली
हम सब वायु , ध्वनि , जल और मिटटी के प्रदूष्ण के बारे में पढ़ते हैं … पर एक और …
वो कन्नौज की यादगार दीपावली
यूँ तो हर बार दिवाली बहुत खास होती है पर उनमें से कुछ होती हैं जो स्मृतियों के आँगन में …
अदृश्य हमसफ़र -अव्यक्त प्रेम की प्रभावशाली कथा
“अदृश्य हमसफ़र ” जैसा की नाम से ही प्रतीत होरहा है किये एक ऐसी प्रेम कहानी …
करवाचौथ -पति -पत्नी के बीच प्रेम की अभिव्यक्ति का विरोध क्यों ?
करवाचौथ आने वाला है , उसके आने की आहट के साथ ही व्हाट्स एप पर चुटकुलों की भरमार हो गयी …
#Metoo से डरें नहीं साथ दें
#Metoo के रूप में समय अंगडाई ले रहा है | किसी को ना बताना , चुप रहना , आँसू पी …
#metoo -सोशल मीडिया पर दिशा से भटकता अभियान
सबसे पहले तो आप सब से एक प्रार्थना जो भी अपना दर्द कह रहा है चाहे वो स्त्री हो , …
ब्यूटी विथ ब्रेन – एक जेंडर बायस कॉम्प्लीमेंट
ब्यूटी विथ ब्रेन …. स्त्रियों को दिया जाने वाला एक आम कॉम्प्लीमेंट है जिसे बहुत ख़ास माना जाता है | …
संवेदनाओं के इमोजी
फेसबुक पर भावनाओं को व्यक्त करने के लिए तरह तरह के इमोजी उपलब्द्ध हैं , हंसने के …
अनुभूतियों के दंश- लघुकथा संग्रह (इ बुक )
लघुकथा वो विधा है जिसमें थोड़े शब्दों में पूरी कथा कहनी होती है | आज के समय में जब समयाभाव …
देहरी के अक्षांश पर – गृहणी के मनोविज्ञान की परतें खोलती कवितायें
कविता लिखी नहीं जाती है , वो लिख जाती है , पहले मन पर फिर पन्नों पर ….एक श्रेष्ठ कविता …
हसीनाबाद -कथा गोलमी की , जो सपने देखती नहीं बुनती है
अभी कुछ दिन पहले गीताश्री जी का उपन्यास ” हसीनाबाद” पढ़ा है | पुस्तक भले ही हाथ में नहीं है …