अटूट बंधन
नीम का पेड़‘
दो घरों के बीच अपनी शाखाएं फैला कर खड़ा हुआ नीम का पेड़ उन के बीच विवादों की जड़ था …
भाई -दूज पर मुक्तक
दीपावली के दूसरे दिन भाई दूज का त्यौहार मनाया जाता है | इस दिन बहनें अपने भाई के माथे पर …
प्रेम -दीपक
फोटो क्रेडिट -livedharm.com करेगी रोशिनी जगमग , अँधेरे को मिटा देंगे लाखों जुगनुओं से हम अमावस को हरा देंगे धरा …
धनतेरस पर करें आरोग्य की कामना
चलो जलाए आज हम , सखि द्वारे पर दीप। तम को जो मेटे सदा , उजला सौम्य प्रदीप। उजला सौम्य …
विभोम स्वर व् शिवना साहित्यकी मेंरी नज़र में
शिवना प्रकाशन की दो पत्रिकाएँ ‘विभोम स्वर’और ‘शिवना साहित्यिकी’ प्राप्त हुईं | अभी थोड़ी ही पढ़ीं हैं, फिर भी उन …
डूबते को तिनके का सहारा
कहते हैं ‘डूबते को तिनके का सहारा होता है |” कई बार हमारी छोटी सी मदद, छोटी सी बात , …
दीपक शर्मा की कहानी -चिराग़-गुल
ये कहानी पढ़कर फिल्म पाकीजा का एक गीत ख्यालों में चला आ रहा है | “ये चिराग़ बुझ रहे हैं …
सेल्फ हीलिंग की जरूरत
हम सब ने सुदर्शन जी की कहानी ”हार की जीत’ पढ़ी है | कैसे बाबा भारती का घोडा डाकू खड़गसिंह …
अपने ऊपर काम करिए
हर माता पिता अपने बच्चे को प्यार करते हैं …बहुत प्यार और बच्चों की नज़रों में वो निर्दोष होते हैं …
एक कदम पीछे
जीवन स्वयं आगे बढ़ता है | पर हम उससे भी आगे बढ़ने की होड़ लगा लेते हैं | इतनी तेज …
यात्रा पर विश्वास
ये देखना कितना सुखद है कि हम उन चीजों से आगे बढ़ गए जिन के बारे में कभी हम सोचते …
अंतर्मन के द्वीप- विविध विषयों का समन्वय करती कहानियाँ
अभी पिछले दिनों मैंने “हंस अकेला रोया” में ग्रामीण पृष्ठभूमि पर लिखी हुई कहानियों का वर्णन किया था | आज …
मुन्नी और गाँधी -एक काव्य कथा
फोटो क्रेडिट -आउटलुक इंडिया .कॉम गाँधी जी आज भी प्रासंगिक है | गाँधी जी के विचार आज भी उतने ही …
हंस अकेला रोया -ग्रामीण जीवन को सहजता के साथ प्रस्तुत करती कहानियाँ
“गाँव” एक ऐसा शब्द जिसके जुबान पर आते ही अजीब सी मिठास घुल जाती है | मीलों दूर तक फैले …
फिल्म ड्रीम गर्ल के बहाने -एक तिलिस्म है पूजा
ड्रीम गर्ल यानि स्वप्न सुंदरी | बरसों पहले इसी नाम से एक फिल्म आई थी जिसमें हेमामालिनी ने अभिनय किया …
श्राद्ध की पूड़ी
श्राद्ध पक्ष यानी अपने परिवार के बुजुर्गों के प्रति सम्मान प्रगट करने का समय | ये सम्मान जरूरी भी है …