कहानी
क्वार्टर नम्बर तेइस
माँ और तीनों बहनों की हँसी अशोक ने बाहर से ही सुन ली| हमेशा की तरह इस बार भी हँसी …
चम्पा का मोबाइल
आज हर आम और खास के हाथ में मोबाइल जरूर होता है , परन्तु चंपा के मोबाइल में कुछ तो …
सिम्मों -(भाग -1)
बचपन में जब मैंने फिल्म “हाथी मेरे साथी “देखी थी तो मुझे इंसान और जानवर का ये प्यार भरा रिश्ता …
दो जून की रोटी
एक इंसान के जीने के लिए पहली आवश्यकता क्या है .. बस “दो जून रोटी ” उसका सारा संघर्ष इसी …
गुनाहो का हिसाब
कुछ लोग कहते हैं कि मृत्यु लोक में इंसान अपने गुनाहों को भोगने आता है | कुछ के अनुसार हम …
दूसरा फैसला
मीरा ने नंबर देखा ,माँ का फोन था ,एक बार होठों पर मुस्कराहट तैर गयी , ये नंबर उसके लिए …
आखिर कब तक
रीना और शुचि के बढ़ते कदम अचानक ठिठक से गये थे। जिस तेजी के साथ सीढ़ियाॅं दर सींिढ़याॅं चढ़ते हुए …
लुटन की मेहरारु
घर में खुशी की लहर दौड़ चली| लुटन की माँ तो डीजे की धुन पर ठुमके–पर–ठुमके लगाए जा रही थी| …
मन का अँधेरा
बस खड़ी थी और उसमें कुछ सवारियाँ बैठी भी हुई थीं, कण्डक्टर उसके पास ही खड़ा होकर लख़नऊ लख़नऊ की …
माँ तुझे दिल से सलाम
माँ दुनिया का सबसे खूबसूरत शब्द है, माँ की तुलना नहीं हो सकती क्योंकि माँ जिस प्रेम व् त्याग से …