उर्दू शायर शुजाअ ‘ख़ावर’ की चुनिंदा शायरी
आलेख, संकलन, लिप्यंतरण एवं प्रस्तुति: सीताराम गुप्ता दिल्ली जीवन परिचय पूरा नाम: शुजाउद्दीन साजिद पैदाइश: 24 दिसंबर सन् 1946 को …
क्या आप जानते हैं शिवलिंग की असली व्याख्या – जानिये आइन्स्टीन के सिद्धांतानुसार
शिवलिंग की व्याख्या अलग -अलग लोग अलग अलग तरीके से देते हैं |कामदेव को जीतने वाले प्रभु शिव के ज्योतिर्लिंग …
अच्छा सोंचो … अच्छा ही होगा
वो देखो प्राची पर फ़ैल रहा है उजास दूर क्षितज से चल् पड़ा है नव जीवन रथ एक टुकड़ा धूप …
नौकरी छोड़कर खेती करने का जोखिम काम आया – अभिषेक सिंहानिया (आईआईटी मद्रास से ग्रेजुऐट )
संकलनकर्ता – प्रदीप कुमार सिंह मैं कोलकाता का रहने वाला हूं और मेरे पिता उद्योगपति है। आईआईटी मद्रास से …
सबसे सुंदर दिखने की दौड़ – आखिर हल क्या है?
आप के सामने आज का अखबार पड़ा है | हत्या मार –पीट डकैती की खबरों पर उडती –उडती नज़र …
सुकरात और ज्योतिषी
विश्व के महानतम दार्शनिकों में से एक सुकरात एक बार अपने शिष्यों के साथ बैठे कुछ चर्चा कर रहे थे। …
मेरे एक महीने का वेतन पिता के कर्ज के बराबर – पी.सी. मुस्तफा
संकलन कर्ता – प्रदीप कुमार सिंह मेरा जन्म केरल के एक छोटे-से गांव वायनाड में हुआ था। मेरे पिता …
दोस्ती बनाम दुश्मनी~कुछ चुनिंदा शेर
संकलन, लिप्यंतरण एवं प्रस्तुति: सीताराम गुप्ता दिल्ली-110034 बहुत कठिन है डगर पनघट की। पनघट की तरह ही दोस्ती …
पूछने की आदत से शिक्षक परेशान होते थे – सत्या नडेला, माइक्रोसाॅफ्ट, सीईओ
संकलन – प्रदीप कुमार सिंह मेरे पिता आईएएस अधिकारी थे। मैंने बेगमपेट स्थित हैदराबाद पब्लिक स्कूल से अपनी प्राथमिक शिक्षा …
जी.यस.टी. GST
रंगनाथ द्विवेदी। लाख विरोध करे——— काग्रेंस,यस.पी.(SP),बी.यस.पी.(BSP), लेकिन इस देश के आखिरी शख्स़़ के—– हित मे है जी.यस.टी(GST)। आओ हम सपोर्ट …
“नज़रे बदलो नज़ारे बदल जायेंगे” आपकीसोच जीवन बना भी सकती है बिगाढ़ भी सकती है
पंकज प्रखर, सकारात्मक सोच व्यक्ति को उस लक्ष्य तक पहुंचा देती है जिसे वो वास्तव में प्राप्त करना चाहता है …
जनसेवा के क्षेत्र में रोल माॅडल बनीं पुष्पा पाल
प्रस्तुति – प्रदीप कुमार सिंह अम्बेडकर नगर: महिलाओं व बच्चों के हित में कार्य करने के लिए रोल माॅडल के …
आईये हम लंठो को पास करते है ( व्यंग्य )
-रंगनाथ द्विवेदी अब इस देश मे वे दिन नही जब हम अन्य विज्ञापनो की भांति ही ये विज्ञापन भी अपने …
पढ़ाई के लिए छोड़ना पड़ा घर 16 फ्रैक्चर, 8 सर्जरी के बाद भी आईएएस बनीं – उम्मुल खेर, सिविल सेवा आईएएस 2017 में चयनित
राजस्थान के पाली मारवाड़ में जन्मी उम्मुल की मां बहुत बीमार रहती थीं। पापा उन्हें छोड़कर दिल्ली आ गए। …
एंजिलिना जोली सिंड्रोम – सेहत के जूनून की हद
एक आम घर का दृश्य देखिये | पूरा परिवार खाने की मेज पर बैठा है | सब्जी रायता , चपाती …
जो मिला नहीं उसे भूल जा
सीताराम गुप्तादिल्ली दुखों से बचने के लिए जीवन के बायोडाटा में सिर्फ़ उसे शुमार करें जो आज आपके पास हैउर्दू …
फेसबुक और महिला लेखन
कितनी कवितायें भाप बन कर उड़ गयी थी उबलती चाय के साथ कितनी मिल गयी आपस में मसालदान में नमक …
काश, मेरे मुल्क में भी शांति होती- मुजून अलमेलहन, यूएन की गुडविल अंबेसडर
मुजून सीरिया के शहर डारा में पली-पढ़ीं। पापा स्कूल टीचर थे। उन्होंने अपने चारों बच्चों (दो बेटे और दो …
नहीं पता था मेरी जिद सुर्खियों में छाएगी – प्रियंका भारती, सामाजिक कार्यकर्ता
प्रियंका तब 14 साल की थीं। यह बात 2007 की है। उत्तर प्रदेश के महाराजगंज जिले के एक …