विविध
बहू और बेटी
वो बेटी ही थी | और शादी के बाद बहू बन गयी | • सर पर पल्ला रखो ~ अब …
स्ट्रेस ईटिंग डिसऑर्डर – जब आप खाना खा रहे हो और खाना आपको
कई बार तब हम भोजन में अपनी समस्याओं का समाधान ढूँढने लगते हैं जब भावनाएं हमें खा रही होती हैं …
नौकरी वाली बहू
लेखिका -राधा शर्मा ( मुंबई -महाराष्ट्र ) कल रास्ते में निधि मिली | निधि उम्र ३२ साल एक घरेलू महिला …
क्यों न जी कर मरें
एक बगीचे में एक घास का फूल था वह अपने अन्य साथी घास के फूलों के साथ ईंटों की आड़ …
परमात्मा और उसके सेवक कभी भी छुट्टी नहीं लेते हैं!
– डा0 जगदीश गाँधी, संस्थापक-प्रबन्धक, सिटी मोन्टेसरी स्कूल, लखनऊ (1) परमात्मा तथा उसके सेवक छुट्टी कर लें तो संसार तथा …
माँ की माला
नेहा नाहटा,जैन दिल्ली माला फेरकर जैसी ही प्रेरणा ने आँखे खोली,सामने खड़ी बेटी और पतिदेव ठहाके मारने लगे । मान्या …
मदर्स डे : माँ और बेटी को पत्र
मेरी प्यारी बेटीकैसी हो?कितने दिन हो गए तुम्हें अपने गले से लगाए हुए। कहाँ तो एक दिन भी तुम्हें याद …
मदर्स डे : कौन है बेहतर माँ या मॉम
कहते है हर चीज परिवर्तनशील है समय बदलता है तो सब कुछ बदल जाता है | पर सृष्टि का पहला …
मदर्स डे : पांच लघुकथाएं
दिल का दर्द मंगलवार को हरिद्धार जाना हुआ और अभी तक मन वही अटका है ! वो बूढ़ी सी आँखे अभी …
मदर्स डे : माँ को समर्पित कुछ भाव पुष्प ~रंगनाथ द्विवेदी
जहाँ एक तरफ माँ का प्यार अनमोल है वही हर संतान अपनी माँ के प्रति भावनाओं का समुद्र सीने में …
मदर्स डे पर विशेष- प्रिय बेटे सौरभ
एक माँ का पत्र बेटे के नाम प्रिय बेटे सौरभ , आज तुम पूरे एक साल के हो …
अवतारों तथा महापुरूषों के कष्टमय जीवन हमें प्रभु की राह में सब प्रकार के कष्ट सहने की सीख देते हैं!
– डाॅ. जगदीश गांधी, शिक्षाविद् एवं संस्थापक-प्रबन्धक, सिटी मोन्टेसरी स्कूल, लखनऊ (1) जब-जब राम ने जन्म लिया तब-तब पाया वनवास:- …