बच्चों में बढ़ती हिंसक प्रवृत्ति
आज समाचारपत्रों, दूरदर्शन, पत्र-पत्रिकाओं से ही नहीं, बल्कि अड़ोस-पड़ोस, गली, गाँव, मोहल्ला आदि के वातावरण को अनुभव …
काव्य कथा -गहरे काले रंग के परदे
किसी भी कथा को कविता के रूप में प्रतुत करने का चलन बहुत पुराना है | आज हम “ अटूट …
आखिर कब तक
रीना और शुचि के बढ़ते कदम अचानक ठिठक से गये थे। जिस तेजी के साथ सीढ़ियाॅं दर सींिढ़याॅं चढ़ते हुए …
त्यौहारों का बदलता स्वरूप
हमारा देश उत्सवों का देश है। इसी कारण पूरे वर्ष भर किसी न किसी उत्सव- त्योहार को …
सूफी संत और कवि रूमी के 21 सर्वश्रेष्ठ विचार
जलालुद्दीन रूमी बहुत प्रसिद्द सूफी कवि थे | इनका जन्म 30 सितम्बर 1207 में हुए थे | उनके विचारों की …
माँ मै दौडूंगा
माँ मै तुम्हारे लिए दौडूंगा जीवन भर आप मेरे लिए दौड़ती रही कभी माँ ने यह नहीं दिखाया कि मै थकी हूँ माँ ने …
महाशिवरात्रि -एक रात ” इनर इंजिनीयरिंग” के नाम
शिव नाम अपने आप में मन्त्र हैं | शिव अर्थात जो नहीं है | जो नहीं है वो असीम है …
चोंगे को निमंत्रण
चोंगा बाहरी चमक -दमक आकर्षित तो करती है, परन्तु इंसान की असली पहचान उसके गुण उसके संस्कार या उसका ज्ञान …
कुछ रचनाएँ बीनू भटनागर जी के काव्य संग्रह ” मैं सागर में एक बूँद सही” से
बीनू भटनागर जी की कवितायें भावनाओं का सतत प्रवाह है | किसी नदी की भांति यह अपना आकार स्वयं गढ़ लेती हैं …
लुटन की मेहरारु
घर में खुशी की लहर दौड़ चली| लुटन की माँ तो डीजे की धुन पर ठुमके–पर–ठुमके लगाए जा रही थी| …
मेरा शहर साफ़ हो इसमें सबका हाथ हो
मेरी एक रिश्तेदार की बीच शहर में ही बड़ी सी कोठी है. दिवाली के कोई दो दिनों के बाद मैं …
कविता -बदनाम औरतेँ
बदनाम औरतें मात्र एक कविता नहीं है | ये दर्द है उन औरतों का जो समाज की मुख्यधारा से कट …