अटूट बंधन
टेंशन को न दें अटेंशन
मित्रों , हो सकता है की लेख का टॉपिक देख कर आप को टेंशन हो गया हो , आप की त्योरियां …
मतलब की समझ
हम रोज बोलते हैं इससे , उससे, सबसे | न जाने कितने शब्दों वाक्यों का प्रयोग हम एक …
निवेश पर वॉरेन बफे के 21 अनमोल विचार
महान निवेशक वॉरेन बफे को कौन नहीं जानता | शेयर के जादूगर वॉरेन बफे की चर्चा दुनिया के हर अख़बार …
कैसे आत्मसुझाव की शक्ति से बदलें जीवन
How to use power of autosuggestion in hindi क्या आप को नहीं लगता की काश …
क्या पृथ्वी से बाहर ब्रह्माण्ड में कहीं जीवन है?
मानव मस्तिष्क हमेशा कुछ नया और अद्भुत खोजने की कोशिश करता है। विज्ञान जगत द्वारा रोमांच की अजीबोगरीब दुनिया …
कैसे न्यू इयर रेसोल्युशन निभाने में मिले सफलता
2016 गया , 2017 आया , 2017 गया 2018 आया …अब 2018भी गया 2019 आएगा …. साल यूँ ही जाते …
नए साल पर 21 प्रेरणादायी विचार
नया साल यानि समय का वो पन्ना जिस पर अभी तक कुछ नहीं लिखा गया है |हर बार ये हमें …
नये साल मे—-पपुवा की मम्मी डिजिटल हो गई
टेक्नोलोजी पर हालांकि पुरुषों का एकाधिकार नहीं है | पर एक सीधी – साधी घरेलू महिला जब नया मोबाइल लेती …
असफल रिश्ते – लडकियाँ जीवन साथी चुनते समय ध्यान रखे ये 7 बातें
नाजुक , नादान और बेंतहा खूबसूरत सी रोली एक मेडिकल स्टूडेंट थीं | कुछ ही समय में उसकी MBBS की डिग्री …
नए साल पर 5 कवितायें -साल बदला है , हम भी बदलें
नया साल , नयी उम्मीदें नए सपने , नयी आशाएं ,नए संकल्प और नए संघर्ष भी | नए साल पर …
नए साल पर प्रेम की काव्य गाथा -दिसंबर बनके हमारे प्यार की ऐनवर्सरी आई थी
यूँ तो प्यार का कोई मौसम नहीं होता | परन्तु आज हम एक ऐसे प्रेम की मोहक गाथा ले कर …
नवगीत-ठहरी शब्द नदी
चढ़े हाशिये पर सम्बोधन ठहरी शब्द-नदी।। चुप्पी साधे पड़े हुए हैं कितने ही प्रतिमान यहाँ अर्थहीन हो चुकी समीक्षा सोई …
क्या ऐसे ही गढ़ा जायेगा देश का भविष्य?
एक परिवार, समाज और देश का विकास इस बात पर निर्भर करता है कि उनके बच्चों को किस प्रकार की …
बच्चों के लिए संतुलित शिक्षा की आवश्यकता
बच्चे हमारी सबसे कीमती धरोहर हैं | उनकी शिक्षा केवल पाठ्य पुस्तकों तक सीमित नहीं होनी चाहिए क्योंकि मनुष्य केवल …
कहते हैं कि ग़ालिब का है अंदाज़ ए बयां और …
जब – जब उर्दू शायरी की बात होगी तो ग़ालिब का जिक्र न हो ऐसा हो ही नहीं सकता | …
केवल 5 स्टेप में बने निगेटिव से पॉजिटिव
यूँ तो जिंदगी नेगेटिव और पॉजिटिव परिस्थितयों का मिला जुला रूप है | फिर भी कुछ लोग हर परिस्थिति में …
ऐब्युसिव रिश्ते – क्यों दुर्व्यवहार को प्यार समझने की होती है भूल
कितना आसान होता है गलत को गलत कहना और सही को सही कहना | पर ऐसा हमेशा होता नहीं है …