प्रेत-छाया
कहते हैं यदि किसी की अकाल मृत्यु हो , हत्या हो , या अस्वाभाविक मृत्यु हो उसकी आत्मा भटकती है …
असफलता से सफलता की ओर
‘ मुंशी प्रेमचंद्र जी लिखते हैं कि सफलता में अतीव सजीवता होती है और विफलता में …
हम्मिंग बर्ड्ज़
दीदी की मृत्यु के पश्चात् माँ ने उनकी चिड़ियों को उनकी ससुराल से लाने का आदेश दिया | बरसों से …
वन फॉर सॉरो ,टू फॉर जॉय
उससे मेरा पहला परिचय कब हुआ , पता नहीं | शायद बचपन में तब जब मैंने हर काली चिड़िया को …
फिर से कैसे जोड़े दोस्ती के टूटे धागे
हमारे तमाम रिश्तों में दोस्ती एक ऐसा रिश्ता है जिसे हम खुद चुनते हैं , इसलिए इसे हमें खुद ही …
क्या फेसबुक पर अतिसक्रियता रचनाशीलता में बाधा है ?
लाइट , कैमरा ,एक्शन की तर्ज पर लाइक , कमेंट ,एडिक्शन …. और दोनों ही ले …
चटाई या मैं
चटाई जमीन पर बिछने के लिए ही बनायीं जाती है | उसका धागा पसंद करने , ताना -बाना बुनने और …
ड्रग एडिक्शन की गिरफ्त में युवा – जरूरी है जागरूकता
जैसे –जैसे शाम गहराने लगती है , बड़े पार्कों में , जहाँ ज्यादा घने पेड़ व् झाड़ियाँ हों , दो …
फूल गए कुम्हला
किसी का आगमन तो किसी का प्रस्थान ये जीवन का शाश्वत नियम है | प्रात : सुंदरी सूर्य की रश्मियों …
मैं मेहनत के पैसे लेता हूँ , मदद के नहीं
अमीर लोगों का दिल कई बार बहुत छोटा होता है और गरीबों का बहुत बड़ा | ऐसे नज़ारे देखने को …
आई एम सॉरी विशिका
अगर आप भी किसे के प्रति आसानी से धारणा बना लेते हैं तो ये कहानी अवश्य पढ़ें , क्योंकि अंत …
सावन अट्ठारह साल की लड़की है
कविता के सौदर्य में उपमा से चार -चाँद लग जाते हैं | ऐसे में सावन की चंचलता , अल्हड़ता , …
गुरु पूर्णिमा : गुरूजी हम बादल तुम चन्द्र
गुरु पूर्णिमा एक ऐसा त्यौहार है | जब हम अपना स्नेह गुरु के प्रति व्यक्त कर सकते हैं | …
आखिर निर्णय लेने से घबराते क्यों हैं ?
सुनिए , आज मीरा के घर पार्टी में जाना है , मैं कौन सी साड़ी पहनूँ | …
जिंदगी दो कदम आगे एक कदम पीछे
जिंदगी के छोटे –छोटे सूत्र कहीं ढूँढने नहीं पड़ते वो हमारे आस –पास ही होते हैं पर हम उन्हें नज़रअंदाज …