वैज्ञानिक व् अध्यात्मिक विकास के समन्वय के प्रबल समर्थक थे स्वामी विवेकानंद

Cultural India से साभार हम सब के आदर्श स्वामी विवेकानंद, जिन्होंने भारतीय संस्कृति व् दर्शन का पूरे विश्व में प्रचार …

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माँ का दमा

क्या मन की दशा शरीर में रोग उत्पन्न करती है ? अगर विज्ञानं की भाषा में कहें तो ‘हाँ ” …

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व्रत

अरे बशेसर की दुल्हिन , ” हम का सुन रहे हैं , अब तुम हफ्ता में तीन  व्रत करने लगी …

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चमड़े का अहाता

वरिष्ठ लेखिका दीपक शर्मा जी की कहानियों में एक खास बात रहती है कि वो सिर्फ कहानियाँ ही नहीं बाचती …

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शक्ति रूप

इस कहानी को पढ़कर एक खूबसूरत कविता की पंक्तियाँ याद आ रहीं है |  “उठो द्रौपदी वस्त्र संभालो , अब …

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श्रम का सम्मान

अक्सर शारीरिक श्रम को मानसिक श्रम की तुलना में कमतर आँका जाता है पर क्या पेट भरा ना हो तो  …

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तन्हाँ

जिस तरह से सबके अपनि खुशियाँ मनाने के तरीके अलग -अलग हैं उसी तरह सबके अपने दुःख से निकलने के …

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बत्तखें

विज्ञान और मनोविज्ञान के मेल पर आधारित कहानी ‘बत्तखें’ को पढने से पहले आइये थोडा सा जान लें मल्टीवर्स थ्योरी …

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